जिला हमीरपुर से एक आत्महत्या का मामला सामने आया है। डॉ राधाकृष्ण राजकीय मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में सेवारत स्टाफ नर्स ने अस्पताल के ही सीनियर स्टाफ की हर रोज की प्रताड़ना से तंग आकर पंखे से लटककर आमहत्या कर ली है। मृतक नर्स के कमरे से पुलिस को सुसाइड नोट प्राप्त हुआ है।

पिछले 2 वर्ष से मेडिकल कॉलेज हमीरपुर में दे रही थी सेवाएं, पुलिस में मामला दर्ज

जैसे ही इस बात की सुचना पुलिस को दी गई तो सूचना मिलते ही थाना से एसएचओ संजीव गौतम के साथ पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर मामले की जाँच शुरू कर दी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार मृतक की पहचान मोनिका उम्र 32 वर्ष पत्नी आसनिक कतनोरिया स्थायी निवासी गांव पलासी, जिला हमीरपुर के रूप में हुई है। मोनिका पिछले 2 वर्ष से स्तानिये हॉस्पिटल में सेवाएं दे रही थी।


मोनिका का पति एक दवा कंपनी में नौकरी करता है और इस समय में शिमला में सेवाएं दे रहा है। इसके साथ ही मोनिका का पांच वर्ष का बेटा भी है जो इस घटना के वक्त स्कूल गया था। मोनिका बुधवार को मेडिकल कॉलेज में रात्रि ड्यूटी देने के बाद सुबह हमीरपुर स्थित अपने किराए के मकान में पहुंची।

मौके पर सुसाइड नोट मिला, वरिष्ठ स्टाफ को अपनी मौत का ठहराया जिम्मेदार

मिली जानकारी के अनुसार छुट्टी होने के बाद स्कूल स्टाफ ने बच्चे को हॉस्पिटल में छोड़ दिया क्योंकि बेटे को स्कूल से लाने कोई भी नहीं गया था। इस बात की सुचना मकान मालिक को देने के बाद बच्चे को घर पहुंचाया। मकान मालिक बच्चे को लेकर मोनिका के कमरे में गया तो कमरा अंदर से बंद था दरवाजा खोलने के बाद मकान मालिक ने मोनिका को फंदे से लटका पाया। मकान मालिक ने घटना की जानकारी पुलिस को दी। पुलिस को मौके पर सुसाइड नोट मिला है।

सुसाइड नोट मोनिका ने अस्पताल के वरिष्ठ स्टाफ को अपनी मौत का जिम्मेदार ठहराया है। नोट के अनुसार सीनियर स्टाफ मोनिका से हर बात पर रोक-टोक और प्रताड़ित करता था। इस सब से तंग आकर उसने आत्महत्या का कदम उठाया है।

Author

Comments are closed.